दिल्ली सरकार ने राशन कार्ड जारी करने की प्रक्रिया में सख्त बदलाव किए हैं, जिसमें केवल ऑनलाइन आवेदन, घर पर जाकर जांच और तीन स्तरों पर सत्यापन शामिल है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली सरकार ने पारदर्शिता बढ़ाने के लिए ये नए SOP जारी किए हैं, जिससे फर्जी आवेदनों पर अंकुश लगेगा। अब 8.27 लाख रिक्त राशन कार्डों के लिए पात्र परिवार आसानी से आवेदन कर सकेंगे, लेकिन दस्तावेजों की कड़ी जांच होगी।
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
राशन कार्ड बनवाने के लिए अब केवल ऑनलाइन आवेदन ही स्वीकार्य होंगे। edistrict.delhigovt.nic.in या nfs.delhi.gov.in पर जाकर रजिस्ट्रेशन करें। मोबाइल नंबर और आधार से लॉगिन करें, फॉर्म भरें तथा परिवार के सभी सदस्यों का आधार नंबर अपलोड करें। आवेदन संख्या मिलने के बाद स्थिति ट्रैक करें; ऑफलाइन आवेदन पूरी तरह बंद हैं। गलत जानकारी पर आवेदन रद्द हो जाएगा।
अनिवार्य दस्तावेज और पात्रता
आवेदन के समय परिवार के मुखिया सहित सभी सदस्यों का आधार कार्ड अनिवार्य है। यदि आधार पर दिल्ली का पता न हो, तो बिजली बिल, किराया रसीद या बैंक पासबुक जैसे निवास प्रमाण दें। वार्षिक पारिवारिक आय 1.20 लाख रुपये से कम होनी चाहिए, जिसके लिए राजस्व विभाग का आय प्रमाण-पत्र लगेगा। पासपोर्ट साइज फोटो (100 KB तक) और घर के नाम पर बिजली बिल भी जरूरी है। गैर-पात्र परिवारों को राशन कार्ड न मिले, इसके लिए सत्यापन कड़ा किया गया है।
महिला मुखिया का नया नियम
नई SOP के अनुसार, परिवार की मुखिया सबसे बड़ी महिला होगी, जो 18 वर्ष से अधिक आयु की हो। यदि कोई योग्य महिला न हो, तभी पुरुष सदस्य मुखिया बनेगा। इससे महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा और पारिवारिक पहचान मजबूत होगी। 18 वर्ष पूर्ण होने पर लड़की को प्राथमिकता दी जाएगी। यह बदलाव राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अनुरूप है।
तीन-स्तरीय सत्यापन प्रक्रिया
आवेदन के बाद पहला स्तर: फूड सप्लाई ऑफिसर द्वारा घर पर फील्ड वेरिफिकेशन। दस्तावेजों और निवास की जांच होगी। दूसरा स्तर: सहायक आयुक्त स्तर पर फाइल समीक्षा। अंतिम स्तर: जिला मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता वाली डिस्ट्रिक्ट लेवल कमेटी अंतिम मंजूरी देगी। यह कमेटी सबसे जरूरतमंद परिवारों का चयन करेगी। पूरी प्रक्रिया 15 दिनों में पूरी होनी चाहिए, उसके बाद राशन कार्ड डाउनलोड या डाक से मिलेगा।
लाभ और सावधानियां
ये नए नियम सस्ते अनाज, सरकारी योजनाओं और पहचान प्रमाण के लाभ सुनिश्चित करेंगे। BPL/APL परिवार आसानी से सब्सिडी वाला गेहूं-चावल पा सकेंगे। हालांकि, आधार लिंकिंग अनिवार्य होने से तकनीकी समस्या वाले सावधान रहें। आवेदन से पहले सभी दस्तावेज स्कैन कर लें। दिल्ली सरकार ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं। फर्जीवाड़े पर सख्त कार्रवाई होगी। यह व्यवस्था NFSA के तहत 140 करोड़ भारतीयों को मजबूत करेगी।
Correspondent – Shanwaz Khan



